बिना क्वालिफिकेशन नौकरी चाहता था अब्दुल्ला, मिला जवाब - "शाहीन बाग़ जाओ, CAA का विरोध करो, खूब कमाई होगी” ..


नागरिकता संशोधन अधिनियम CAA के खिलाफ दिल्ली के शाहीन बाग़ में चल रहे धरना प्रदर्शन के ही विरोध में अब आवाजें उठने लगी हैं. लोग मांग कर रहे हैं कि शाहीन बाग़ में चल रहे प्रोपगेंडा वाले धरने को तत्काल समाप्त कराते हुए सड़क को खाली कराया जाये. 

इस बीच केरल से एक ऐसी खबर आई है जिस पर विवाद शुरू हो गया है. ये खबर वैसे तो नौकरी मांगने से संबंधित है लेकिन इसमें CAA का जिक्र होने से विवाद शुरू हो गया है.

मीडिया सूत्रों से मिली खबर के मुताबिक़, केरल के अब्दुल्ला एसएस ने एक कंपनी में जब नौकरी माँगी तो कंपनी की तरफ से जवाब मिला कि नौकरी के बजाय दिल्ली के शाहीन बाग में जाकर प्रदर्शन करें. बताया गया है कि अब्दुल्ला ने मैकेनिकल इंजीनियर की पोस्ट के लिए एप्लीकेशन दिया था. 

दुबई के अखबार द गल्फ न्यूज़ के मुताबिक वहां एक कंसल्टेंसी फर्म के सीनियर अधिकारी जयंत गोखले ने ईमेल करते हुए लिखा कि मैं सोच रहा था कि आपको नौकरी की क्या जरूरत है?

कंपनी ने अब्दुल्ला से कहा कि दिल्ली जाओ और वहां शाहीन बाग में चल रहे धरने में शामिल हो जाओ. हर दिन आपको मुफ्त में एक हज़ार रुपये मिलेंगे. इसके अलावा मुफ्त में बिरयानी. चाय, खाना और मिठाइयां भी मिलेंगी. गोखले का ये ई-मेल वायरल हो गया है. 

मीडिया सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक़, अब्दुल्ला का कहना कि वह इस मेल को देखकर हैरान हैं. उन्हें समझ नहीं आ रहा है कि आखिर कोई कैसे इस तरह की बातें लिख सकता है. अब्दुल्ला ने कहा कि उसने इस मेल को कुछ दोस्तों के साथ शेयर किया था, जो बाद में वायरल हो गया. उन्होंने कहा कि वह इस पर किसी तरह का विवाद नहीं चाहते हैं. उन्हें बस नौकरी की जरूरत है.

वहीं गोखले द्वारा दिए गए इस जवाब पर विवाद शुरू हो गया है. उन पर आरोप है कि वो धर्म के आधार पर नौकरी में भेदभाव कर रहे हैं. गोखले ने इस पर कहा कि वो बीमार हैं और उसके मेल को लोग जबरदस्ती का मुद्दा बना रहे हैं. उन्होंने कहा कि इस मेल के जरिये उनका मकसद किसी को ठेस पहुंचाना नहीं था. मैंने अबदुल्ला से पहले ही माफी मांग ली है.